डिजिटल दुनिया ने ब्रांडिंग और अन्य गतिविधियों में बहुत अधिक वृद्धि और प्रभाव देखा है। भारतीय अर्थव्यवस्था डिजिटल आंदोलन से प्रभावित हुई है और अब यह  अनुमान है कि भारत डिजिटल अर्थव्यवस्था 2022 तक $ 1 ट्रिलियन तक पहुंच जाएगी। यह एक बड़ी राशि है जिसे देश देख रहा है और इसे किसी भी तरह से उपेक्षित नहीं किया जा सकता है। इसे प्राप्त करने के कई कारक हैं जो अत्यधिक महत्त्वपूर्ण हैं। डिजिटल इंडिया समिट 2019 12 मार्च 2019 को आयोजित होने जा रहा है।

डिजिटल इंडिया समिट 2019

इसका आरंभ टाइम्स नेटवर्क द्वारा किया गया यह डिजिटल इंडिया समिट्स का पांचवां संस्करण होगा, इस कार्यक्रम ने हमेशा उस ट्रैक का अनुमान लगाया है जो वर्तमान पीढ़ी दुनिया के लिए नए रुझानों की स्थापना करते समय अनुसरण कर रही है। यह आयोजन मुख्य रूप से इस बात पर केंद्रित होगा कि डिजिटल दुनिया कैसे विकसित हुई है, यह युवा पीढ़ी के लिए अवसर है और निर्धारित लक्ष्य को प्राप्त करते समय सभी मुद्दे क्या हो सकते हैं।

मौद्रिक संदर्भ के मूल्य में 2022 तक अर्थव्यवस्था को $ 1 ट्रिलियन के रूप में परिभाषित किया गया है, जबकि वे क्षेत्र जिन्हें डिजिटल प्रौद्योगिकी के साथ संपर्क जोड़ा जा सकता है, वे कई हैं। अब, इस बिंदु पर विभिन्न निर्णय निर्माताओं को चिंतन करने और पोषित करने की आवश्यकता है और यह आयोजन ऐसे सभी लोगों को भविष्य में उनके प्रभाव के साथ-साथ वर्तमान घटनाओं को संयोजित करने और प्रस्तुत करने में मदद करेगी। यह आयोजन उन सभी को जोड़ने के लिए सहायक होगा जो डिजिटल दुनिया में अपना करियर बना रहे हैं और भविष्य की उन सभी संभावनाओं को देखना चाहते हैं जो उन्हें बेहतर तरीके से आगे बढ़ने में मदद कर सकती हैं।

यह अपेक्षित है कि कई विशेषज्ञ सदस्य इस आयोजन में शामिल होंगे:

श्री रविशंकर प्रसाद – केंद्रीय कानून और न्याय और इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री

नीति आयोग से अमिताभ कांत

यूनियन बैंक ऑफ इंडिया से राजकिरण राय जी

टाइम्स नेटवर्क से एम के आनंद

आयोजन के प्रमुख वक्ता होंगें। डिजिटल इंडिया समिट 2019 में वक्ताओं की पूरी सूची यहाँ देखी जा सकती है।

देवनागरी डिजिटल इंडिया समिट 2019 में

देवनागरी ने हमेशा ऐसे आयोजनों में भाग लिया है जो भारतीय अर्थव्यवस्था, देशवासियों, और युवाओं के लिए नए अवसर लाती है, देवनागरी प्रबोधन और नेटवर्किंग की दिशा में एक सितारा होगी। देवनागरी ने हमेशा भारतीय भाषाओं के लिए कार्य किया है और बेहतर तरीके से जनता तक पहुंच बढ़ाने के लिए ब्रांडों के महत्व को स्थानीय भाषा में बढ़ाया है। यहां हम सभी ब्रांडों की उत्पाद और सेवा की ताकत के निर्माण में बहुभाषी ब्रांडिंग के लिए मदद करेंगे। यह आयोजन भारत  में चल रही डिजिटल मार्ग की प्रमुख चिंताओं के विषय पर आधारित है स्थानीय भाषा की मजबूती इसे मजबूत आधार और लक्ष्य की दिशा में आगे बढ़ने का रास्ता प्रदान करती है।

हम बाजार के महत्त्वपूर्ण सदस्यों के बीच इसी चिंता के आधार अपर नेटवर्क बनाने की उम्मीद करते हैं ताकि यह संदेश बड़े पैमाने पर फैल सके और लोग स्थानीय भाषा में इसके होने का फायदा समझ सकें। भारत में डिजिटल रूप से अपने उत्पादों और सेवाओं को उतारने वाले उद्योगों को विभिन्न भाषाओं में पूरा करना होगा ताकि वे राष्ट्र के विविध ग्राहकों को आकर्षित कर सकें।

देवनागरी के बारे में ज्ञान साझा करने के साथ-साथ यह कैसे काम करता है और आने वाली पीढ़ी के लिए यह सब क्या है, यह जानने के लिए हमारी टीम मार्गदर्शन और समर्थन पाने के लिए कार्यक्रम का हिस्सा होगी। हम इस घटना के माध्यम से नए व्यापारिक संबंध प्राप्त करने पर बहुत सकारात्मक हैं और पारस्परिक सफलता के लिए तत्पर हैं।